पूर्व विधायक जितेंद्र गेहलोत के दौरे के बाद क्या हुई हलचल ?
चर्चा चुनाव की –मजे जनता के
पंचायत चुनाव में नाम वापसी के बाद नगर परिषद चुनाव को लेकर बढ़ने लगी हलचल
बड़ावदा से शिरीष सकलेचा
पंचायत चुनाव मैं नाम वापसी के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में चुनाव प्रचार प्रारंभ हो गया है ।वही अब नगर परिषद चुनाव को लेकर भाजपा व कांग्रेस के पदाधिकारियों ने अपनी सक्रियता एकाएक बढ़ा दी है। शनिवार से पार्षद पद हेतु नामांकन जमा कराने की प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है। शनिवार को यहां पूर्व विधायक जितेंद्र गेहलोत आए। बताया जाता है कि भाजपा के वरिष्ठ पदाधिकारी जितेन्द्र हिंगड़ के निवास पर कुछ नेताओं जी चुनाव को लेकर आपस में चर्चा हुई। उसके बाद गहलोत के साथ वरिष्ठ पदाधिकारी नागदा पहुंचे। जहां 15 वार्डों के पार्षदो के टिकिट को लेकर भी कुछ मंथन हुआ है। मंडल अध्यक्ष महेंद्र सिंह ने बताया कि टिकट तय करने का काम पार्टी हाईकमान का है। मेरे पास जितने भी आवेदन आए हैं उनकी सूची बनाकर पूर्व विधायक जितेंद्र गहलोत को सौंप दी जाएगी। उसके बाद निर्णय संगठन करेगा। शनिवार को यहां पूर्व विधायक के दौरे के बाद भाजपा के राजनीतिक गलियारों में चुनावी चर्चा तेज गति से चल पड़ी है पूर्व विधायक के दौरे के बाद नगर के चर्चित चौराहों पर 15 वार्डो के टिकट को लेकर नाम सामने आने लगे हैं। यदि चौराहों की चर्चाओं को सही माना जाए तो भाजपा के कई मजबूत दावेदारों के टिकट कटते नजर आ रहे हैं। चर्चा यह भी है कि 9 दावेदारों के टिकट नही मिलने की संभावना है। जिनमे तीन से चार दावेदार जितने की स्थिति में है। उन्होंने अपने फार्म लाकर भरने की तैयारियां कर ली है ।
सोमवार को नामांकन भरने के काम में तेजी आने की संभावना है। बरहाल नगर में सुबह से लेकर देर रात तक चुनाव लड़ने वाले व लड़ाने वाले बैठकों का दौर करते हुए अपनी अपनी तिकड़म बाजी लगा रहे हैं। कांग्रेस से ज्यादा भाजपा में टिकट के लिए माथापच्ची है। चर्चा है कि भाजपा इस बार पुराने पार्षदों के टिकट काटकर नई टीम लाने की तैयारी कर रही है। अब देखना है जिन लोगों के टिकट कटते हैं वे आगे अपनी रणनीति क्या बनाते हैं? लेकिन यह तय है कि भाजपा को टिकट वितरण को लेकर हर कदम फूंक-फूंक कर रखना होगा क्योंकि प्रभावी लोगों के टिकट कटने से 15 वार्डों में भाजपा का वोट बैंक गड़बड़ा जाएगा। जिसका खामियाजा बहुमत लेकर भुगतना पड़ सकता है।
